सिंधु बॉर्डर पर गिरफ्तार किए गए जिला पंचायत सदस्य दीपक यादव
दिल्ली में किसानों के आंदोलन को समर्थन देने के लिए जा रहे थे
बागपत। विपुल जैन
अखिल भारतीय यादव महासभा के दिल्ली युवा प्रदेश अध्यक्ष एवं वार्ड नंबर 21 के जिला पंचायत सदस्य दीपक यादव को दिल्ली पुलिस ने उस समय सिंधु बॉर्डर पर गिरफ्तार कर लिया, जब वह किसानों के आंदोलन को समर्थन देने के लिए दिल्ली जा रहे थे। पुलिस ने उन्हें अलीपुर थाने में लाकर बंद कर दिया।
दीपक यादव ने कहा कि किसान की छाती पर जवान की लाठी अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी । दिल्ली के किले को बचाने के लिए किसानों के बेटों को किसान के सामने लाठी देकर खड़ा कर दिया गया है। उन्होंने कहा है कि दिल्ली पहुंचने वाले रास्तों पर सुरक्षा की ऐसी व्यवस्था है, जैसे किसान नहीं आतंकवादी दिल्ली की सीमा में घुसना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि यह देश की विडंबना है कि पहले 2 अक्टूबर को और फिर 26 नवंबर को संविधान दिवस के अवसर पर किसानों के ऊपर लाठियां बरसाई गई। उनके ऊपर आंसू गैस के गोले छोड़े गए और उन्हें बर्बर तरीके से मारा गया। यह सिर्फ कॉर्पोरेट घरानों के लिए किया गया, ताकि दिल्ली की सत्ता किसानों की किसानी को बेच सकें। उन्होंने कहा है कि किसानो ने अपनी लड़ाई आज नहीं लड़ी तो उसे कल को आत्महत्या करनी पड़ेगी, अपनी जमीन से हाथ धोना पड़ेगा और उसके मालिक चंद लोग बन जाएंगे, जो बड़े-बड़े उद्योगपति होंगे। उनसे मुकाबला करना छोटे किसानों के बस की बात नहीं होगी। मोदी सरकार द्वारा लाए गए तीन किसान बिल पूरी किसानी और किसान को बेचने के लिए काफी है। उन्होंने किसानों के आंदोलन को समर्थन देते हुए कहा कि यह सत्ता दमनकारी है। आज इसे सिर्फ और सिर्फ बंदूक और लाठी के दम पर आवाज दबानी आती है।उन्होंने किसानों पर हुए लाठीचार्ज की निंदा की।

If you have any doubts, please let me know