बागपत। विपुल जैन
सुहागिनों का पर्व यानि करवा चौथ आज पूरी पारंपरिक श्रद्धा व उल्लास के साथ मनाया जाएगा। इसको लेकर महिलाओं ने बाजार से सामानों की खरीदारी की।
उन्होंने जहां कुंभकारों के यहां से करवो की खरीदारी की, वही काॅस्मेटिक की दुकानों को चूड़ी, मेहंदी और बिंदी आदि सौंदर्य प्रसाधन के सामान खरीदें।
इस त्यौहार पर महिलाओं में सजने-संवरने का काफी शौक रहता है। हर महिला सोलह श्रृंगार कर अपने को सजाने का प्रयास करती है। इसको देखते हुए बाजार में एक से बढ़कर एक फैंसी चूड़ियां, मेहंदी, बिंदी, नेल पालिश, लिपिस्टिक और मंगल सूत्र आये हुए थे। इन सबकी खरीदारी के लिए दुकानों पर महिलाओं की भीड़ उमड़ रही थी। दुकानों को ट्यूब लाइटों से सजाया गया था, जिसकी रौनक रात को देखते ही बनती थी।साहित्याचार्य पंडित नीरज शास्त्री ने बताया कि कार्तिक माह की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को करवा चौथ का पर्व मनाया जाता है। इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लम्बी आयु के लिए व्रत रखती है। बताया कि यह व्रत देवताओं की पत्नियों ने भी रखा था। सबसे पहले यह व्रत शक्ति स्वरूप देवी पावृति ने भोलेनाथ के लिए रखा था। इसी व्रत से उन्हें अखण्ड सौभाग्य की प्राप्ति हुई थी। इसलिए सुहागिन महिलाएं अपने पति की लम्बी आयु के लिए यह व्रत रखती है और शिवजी की पूजा करती है। बताया कि चन्द्रोदय रात को 8 बजकर 16 मिनट पर होगा।

If you have any doubts, please let me know